मेरठ: टोल प्लाजा पर फौजी से मारपीट, 7 आरोपी गिरफ्तार, NHAI ने कंपनी पर 20 लाख का जुर्माना लगाया
मेरठ-करनाल हाईवे स्थित भूनी टोल प्लाजा पर 17 अगस्त की रात सेना के जवान कपिल के साथ टोल स्टाफ ने मारपीट की। जवान को खंभे से बांधकर लाठी, ईंट और डंडों से पीटा गया। घटना के बाद इलाके में हंगामा मच गया।
घटना कैसे हुई
सेना में श्रीनगर की राजपूत बटालियन में तैनात जवान कपिल छुट्टी पर गांव आए थे। 17 अगस्त की रात वह ड्यूटी जॉइन करने श्रीनगर जा रहे थे। इसी दौरान भूनी टोल प्लाजा पर विवाद हुआ और टोल स्टाफ ने उन्हें बुरी तरह पीटा।
ग्रामीणों का आक्रोश
18 अगस्त को कपिल के गांव गोटका और आसपास के 500 से अधिक लोग टोल प्लाजा पहुंचे और ऑफिस में तोड़फोड़ की। गुस्साए ग्रामीणों ने खिड़कियां, फर्नीचर और मशीनें तोड़ डालीं। टोल कर्मचारियों को मौके से भागना पड़ा। दोपहर 1 बजे से शुरू हुआ हंगामा शाम 5 बजे तक चलता रहा।
पुलिस का एक्शन
पीड़ित परिवार की तहरीर पर पुलिस ने मुख्य आरोपी बिट्टू और 8–10 अज्ञात के खिलाफ अटैंप्ट टू मर्डर की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया। अब तक 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, बाकी की पहचान जारी है।
NHAI की कार्रवाई
राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने टोल कंपनी मेसर्स धरम सिंह एंड कंपनी पर 20 लाख रुपए का जुर्माना लगाया और उनका कॉन्ट्रैक्ट खत्म कर दिया। साथ ही कंपनी को एक साल के लिए डिबार भी कर दिया गया।
टोल मैनेजर का बयान
टोल कंपनी के मैनेजर शंकरलाल ने कहा कि जवान के साथ जो हुआ वह गलत है। कंपनी ने पुलिस को CCTV फुटेज देकर आरोपियों की पहचान करवाई है। साथ ही उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कुछ ग्रामीण बिना टोल चुकाए निकलने का दबाव बनाते हैं।
धरना और पंचायत
घटना के बाद ग्रामीणों ने टोल प्लाजा पर धरना दिया। मौके पर पूर्व विधायक संगीत सोम और अन्य जनप्रतिनिधि पहुंचे। सर्वसमाज की पंचायत में 4 मांगों पर सहमति बनी, जिसके बाद धरना समाप्त हुआ।
4 मुख्य मांगों पर बनी सहमति
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टोल स्टाफ को हटाया जाएगा।
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मुकदमे में 3 और आरोपियों के नाम जोड़े जाएंगे।
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टोल से 10 किलोमीटर दूरी तक का इलाका टोल फ्री रहेगा।
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टोल फ्री गांवों की सूची प्लाजा पर प्रदर्शित की जाएगी।
